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  • Jul 5 2019 4:56PM

अब भूखे नहीं सोते बिरहोर परिवार के लोग

अब भूखे नहीं सोते बिरहोर परिवार के लोग

दीपक पांडेय

प्रखंड: तोपचांची

जिला: धनबाद 

धनबाद जिले के तोपचांची प्रखंड अंर्तगत दुमदुमी पंचायत के चलकरी गांव में विलुप्त होते आदिम जनजाति परिवारों को डाकिया योजना के तहत चावल मिल रहा है. महीने के 05 से 15 तारीख के बीच बिरहोर परिवार के 44 घरों में पैकिंग किया हुआ चावल पहुंचाया जाता है. 24 अप्रैल 2017 से लोगों को योजना का लाभ मिल रहा है. दुमदुमी पंचायत की सखी मंडल की दीदियां अनाज का वजन कर उसे बोरी में पैक करती हैं. अंचलाधिकारी सह प्रभारी प्रखंड आपूर्ति पदाधिकारी विकास कुमार त्रिवेदी ने बताया कि महीने के दूसरे सप्ताह में बिरहोर परिवार के घरों में डाकिया योजना का लाभ पहुंचाने के साथ उनकी पेंशन, मूलभूत सुविधाओं की जानकारी लेकर आपूर्ति, कल्याण व स्वास्थ्य विभाग को रिर्पोट सौंपी जाती है. बिरहोर परिवार एक स्वर में कहते हैं कि डाकिया योजना के कारण अब कोई भूखा नहीं रहता

क्या कहते हैं चलकरी के डाकिया योजना के लाभुक
1.
डाकिया योजना का लाभ बिरहोर परिवारों को मिल रहा है. कंप्यूटर में नाम, अंगूठा का निशान आदि के झंझट से बिरहोर परिवार के सदस्यों को मुक्ति मिल गयी है.
बड़ा सुकर बिरहोर

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2. डाकिया योजना के तहत चावल हमारे घर के अंदर रखा जाता है. हमें अनाज का पैसा नहीं देना पड़ता है. इससे काफी मदद मिल रही है.
जेठू बिरहोर

3. -पॉश मशीन के कारण पहले कई समस्याएं आती थीं, लेकिन डाकिया योजना के माध्यम से अनाज मिलने में अब कोई परेशानी नहीं हो रही है.
रीता बिरहोरिन

4. घर के किसी सदस्य के नहीं रहने पर भी योजना का लाभ हमें मिल जाता है. पहले मजदूरी करने या कहीं जाने पर राशन नहीं मिलता था, लेकिन अब घर पर अनाज मिल जा रहा है.
गणेश बिरहोर

5. डाकिया योजना के तहत चावल के लिए अब राशन दुकान का चक्कर नहीं काटना पड़ता है. कोई परिवार अब भूखा नहीं रहता है. सबको चावल मिलता है.
बड़ा पनवा बिरहोरिन

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6. डाकिया योजना के माध्यम से अब गर्भवती महिलाएं भी भूखे नहीं सोतीं. घर पर अनाज मिलना जच्चा-बच्चा दोनों के लिए लाभप्रद है.
मालती बिरहोरिन, सहिया दीदी

7. सरकार की इस पहल ने बिरहोर परिवार के लोगों को काफी राहत दी है. उक्त योजना से हमें अब राशन को लेकर ज्यादा परेशान नहीं होना पड़ता है.
बुधनी बिरहोरिन

8. -पॉश मशीन से हमें निजात मिला और घर के अंदर राशन पहुंच रहा है. यह हमारे लिए बहुत महत्वपूर्ण कार्य विभाग द्वारा किया जा रहा है.
करनी बिरहोरिन

9. डाकिया योजना से काफी हद तक हम परिवारों को राहत मिली है. पहले ई-पॉश मशीन से काफी परेशानी होती थी. अब इससे मुक्ति मिल गयी है.
शनिचर बिरहोर