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  • Apr 16 2019 2:44PM

महिलाओं के खिल उठे चेहरे

महिलाओं के खिल उठे चेहरे

समीर रंजन 

लकड़ी, कोयला, उपले आदि के सहारे खाना बनानेवाली ग्रामीण महिलाओं के चेहरे पर उज्ज्वला योजना ने मुस्कुराहट लायी है. सरकार गरीब महिलाओं को नि:शुल्क गैस कनेक्शन व चूल्हा दे रही है, ताकि इसके माध्यम से महिलाएं आसानी से खाना बना सकें. जहां पहले लकड़ी, गोबर या कोयले पर आश्रित रहकर धुएं में खाना बनाने को मजबूर होना पड़ता था, वहीं अब इन सभी परेशानियों से उन्हें छुटकारा मिल गया है. ग्रामीण महिलाओं की इसी समस्या को ध्यान में रखकर सरकार ने उज्ज्वला योजना की शुरुआत की. 01 मई, 2016 को शुरू हुई इस योजना से देश में महज सवा दो साल में ही इसके लाभुकों की संख्या छह करोड़ पार कर गयी. आमुख कथा में उज्ज्वला योजना की स्थिति, इससे लाभ व ग्रामीण महिलाओं के विचार पर जोर दिया गया है, ताकि इस योजना से छूटे हुए लाभुकों को भी धुएं से आजादी मिल सके.गरीब परिवारों की महिलाओं के चेहरे पर खुशी लाने के उद्देश्य से ग्राम स्वराज अभियान के तहतकेंद्र की महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना की शुरुअात हुई. इस योजना के अंतर्गत बीपीएल परिवारों की महिलाओं को मुफ्त में एलपीजी गैस कनेक्शन मिल रहा है. इस योजना को अब और लचीला बनाया गया है, ताकि अधिक से अधिक लाभुक इस योजना का लाभ उठा सकें. अब राशनकार्ड धारक भी इस योजना का लाभ उठा सकता है. इस योजना के तहत धुआं रहित इंधन उपलब्ध होने से परिवारों का स्वास्थ्य के साथ-साथ पर्यावरण पर भी इसका सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा. जलावन कार्यों से नष्ट होते जंगलों पर भी अंकुश लग सकेगा. झारखंड देश का पहला ऐसा राज्य है, जहां पर लाभुकों को गैस सिलेंडर के साथ-साथ पहली रिफिलिंग एवं चूल्हा नि:शुल्क वितरण किया गया है.

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झारखंड में 29.04 लाख लाभुक

राज्य में प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत अब तक 29,04,071 लाभुक इस योजना का उठा रहे

हैं. सरकार ने गैस सिलेंडर बदलने की सुविधा भी प्रदान की है. इसके तहत लाभुक 14.2 किलोग्राम

सिलेंडर को पांच किलोग्राम वाले मिनी सिलेंडर से बदल भी सकते हैं, वहीं लाभुक जितनी बार चाहें,

छोटे सिलेंडर रिफिल करा भी सकते हैं. राज्य में रिफिलिंग का औसत करीब साढ़े तीन प्रतिशत है.


देश में सात करोड़ लाभुक को मिला कनेक्शन
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत देश के सात करोड़ लाभुकों को एलपीजी गैस कनेक्शन दिया गया है. इस योजना से देश के 714 जिलों को जोड़ा गया है.

नवंबर 2019 तक 14 लाख लाभुकों को जोड़ने का लक्ष्य
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के अंतर्गत वित्तीय वर्ष 2016-17 से एसइसीसी 2011 (SECC 2011) में शामिल बीपीएल परिवार, अनुसूचित जाति व जनजाति, अत्यंत पिछड़ा वर्ग एवं अंत्योदय अन्न योजना के लाभुक तथा वैसे परिवार जिनका नाम राशन कार्ड में दर्ज है, पर अब तक गैस कनेक्शन उपलब्ध नहीं हो पाया है, वैसे लाभुकों को इस योजना के अंतर्गत नि:शुल्क गैस कनेक्शन उपलब्ध कराया जा रहा है. वित्तीय वर्ष 2018-19 में 13.50 लाख परिवारों को इस योजना से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया गया था. इसके आलोक में सरकार ने 13.73 लाख परिवारों को इस योजना का लाभ पहुंचाया. इस तरह वर्तमान में 29.04 लाख लाभुक इस योजना का लाभ उठा रहे हैं. नवंबर 2019 तक 14 लाख परिवार को गैस सिलिंडर और चूल्हा उपलब्ध कराने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है. राज्य में राशन कार्डधारी परिवारों की संख्या 35 लाख से बढ़ कर 57 लाख 06 हजार 94 हो गयी है.

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जिलावार परिवारों की संख्या
जिला                                     कुल परिवार
1.
रांची                                     463,393
2.
धनबाद                                  426,928
3.
पूर्वी सिंहभूम                            407,201
4.
गिरिडीह                                401,506
5.
पलामू                                    382,582
6.
पश्चिमी सिंहभूम                       342,245
7.
हजारीबाग                              308,113
8.
बोकारो                                 294,662
9.
गढ़वा                                    251,283
10.
दुमका                                 247,717
11.
गोड्डा                                235,838
12.
देवघर                                 224,336
13.
सरायकेला-खरसावां               216,376
14.
साहेबगंज                           197,049
15.
चतरा                                 169,170
16.
पाकुड़                                164,306
17.
गुमला                                 162,991
18.
जामताड़ा                            149,065
19.
लातेहार                               133,164
20.
रामगढ़                                  125,831
21.
सिमडेगा                                118,675
22.
कोडरमा                                 100,599
23.
खूंटी                                       97,347
24.
लोहरदगा                                  85,717
(
स्त्रोत : खाद्य, सार्वजनिक वितरण एवं उपभोक्ता मामले विभाग, झारखंड)

अब हर महिला राशन कार्डधारक को मिलेगा लाभ
अब राज्य में प्रधानमंत्री उज्‍जवला योजना के तहत वैसे सभी राशन कार्डधारी परिवारों को भी शामिल किया गया है, जिनके पास पहले से कोई एलपीजी गैस कनेक्शन उपलब्ध नहीं है.

योजना की शुरुआत में गरीब ग्रामीण महिलाओं को नि:शुल्क गैस कनेक्शन देने की व्यवस्था की गयी थी. इसकी बढ़ती संख्या को देखते हुए और इस योजना से अधिक से अधिक लाभुक लाभ उठा सकें, इसके मद्देनजर अब सरकार ने अनुसूचित जाति व जनजाति तथा बीपीएल परिवार के अलावा ओबीसी वर्ग के लोगों को नि:शुल्क गैस कनेक्शन उपलब्ध कराने की व्यवस्था की है.

कैसे मिले योजना का लाभ
इस योजना का लाभ पाने के लिए महिला सदस्य निर्धारित आवेदन पत्र भरकर अपने नजदीकी एलपीजी वितरण केंद्र में जमा करा सकती है. आवेदन के समय आवेदक दो सिलेंडर विकल्पों- 14.2 किलो और पांच किलो में से किसी एक का चुनाव कर सकती है. योजना में सिलेंडर का सिक्योरिटी डिपॉजिट, प्रेशर रेग्यूलेटर, डीजीसीसी, सुरक्षा होज और इंस्टॉलेशन व प्रबंधन चार्ज भी कवर किया गया है.

जरूरी दस्तावेज
परिवार की महिला मुखिया का आधार कार्ड
एक पासपोर्ट साइज फोटो
बैंक का पासबुक
राशन कार्ड
18
वर्ष से अधिक आयु के परिवार के सदस्यों के आधार कार्ड
इन बातों का रखें ध्यान
आवेदक का नाम SECC-2011 के आंकड़ों में होना अनिवार्य है
आवेदक महिला होनी चाहिए, जिसकी उम्र 18 साल से कम न हो
आवेदक (महिला) की एक बचत खाता किसी राष्‍ट्रीय बैंक में होना अनिवार्य है
आवेदक के घर में किसी के नाम से पहले से कोई एलपीजी कनेक्‍शन नहीं होना चाहिए.

कैसे करें शिकायत :
बीपीएल परिवारों को मिलने वाली उज्ज्वला योजना में उपभोक्ताओं को किसी तरह की परेशानी होने पर पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के टॉल फ्री नंबर 18002666696 पर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं. हालांकि एलपीजी उपभोक्ताओं के लिए पहले से ही टॉल फ्री नंबर 1906 है, लेकिन नये टोल फ्री नंबर 18002666696 प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना कनेक्शन के बारे में प्रश्नों के समाधान के लिए विशेष रूप से जारी किया गया है.

गैस सिलेंडर के उपयोग के दौरान बरतें सावधानी
शहरी हों या ग्रामीण, दोनों क्षेत्रों में वर्तमान में महिलाएं एलपीजी गैस का उपयोग कर रही हैं. अति ज्वलनशील होने के कारण अगर इसके उपयोग में थोड़ी-सी भी लापरवाही बरती जाये, तो यह काफी खतरनाक हो सकता है. आप इन बातों का रखें ध्यान.
गैस सिलेंडर को बंद कमरे में न रखें
सिलेंडर को हमेशा खुले में या फिर ऐसे कमरे में रखें, जिसमें खिड़की व दरवाजे खुले हों
सिलेंडर को हमेशा सीधा खड़ा रखें और उसके वॉल्व को ऊपर की तरफ ही रखें
समय-समय पर प्रेशर रेग्युलेटर को चेक करते रहें
गैस का प्रयोग करने के बाद रेग्युलेटर के नॉब को बंद रखें.